देश की न्यायिक व्यवस्था को अधिक प्रभावी और तेज बनाने के लिए केंद्र सरकार ने एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। केंद्रीय मंत्रिमंडल ने Union Cabinet की बैठक में सुप्रीम कोर्ट में जजों की संख्या बढ़ाने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। इस फैसले के तहत अब सुप्रीम कोर्ट में जजों की संख्या 33 से बढ़ाकर 37 कर दी जाएगी, जिसमें भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) शामिल नहीं होंगे।
इस फैसले के लागू होने के बाद सुप्रीम कोर्ट की कुल संख्या 38 हो जाएगी, जिसमें मुख्य न्यायाधीश भी शामिल होंगे। सरकार का मानना है कि इससे अदालतों में लंबित मामलों के निपटारे में तेजी आएगी और न्याय प्रक्रिया अधिक प्रभावी बनेगी।
देश में लाखों मामले वर्षों से लंबित हैं, ऐसे में जजों की संख्या बढ़ाना न्यायिक सुधार की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।


