फ्रांस में आयोजित G7 शिखर सम्मेलन के दौरान वैश्विक नेताओं के साथ कई महत्वपूर्ण बैठकों के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने फ्रांस दौरे के अंतिम चरण के लिए पेरिस पहुंच गए हैं। G7 समिट के इतर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के साथ उनकी गर्मजोशी भरी द्विपक्षीय मुलाकात ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खासा ध्यान आकर्षित किया। इस बैठक में भारत-अमेरिका रणनीतिक साझेदारी, वैश्विक सुरक्षा, व्यापार और उभरती प्रौद्योगिकियों सहित कई अहम मुद्दों पर चर्चा हुई।
G7 कार्यक्रमों के समापन के बाद प्रधानमंत्री मोदी अब यूरोप के सबसे बड़े टेक्नोलॉजी और स्टार्टअप आयोजनों में से एक VivaTech 2026 में भाग लेंगे। पेरिस में आयोजित होने वाला यह कार्यक्रम दुनिया भर के निवेशकों, तकनीकी कंपनियों, स्टार्टअप्स और नवाचार क्षेत्र से जुड़े विशेषज्ञों को एक मंच पर लाता है।
प्रधानमंत्री मोदी की इस यात्रा को भारत-फ्रांस संबंधों के लिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। उम्मीद है कि इस दौरान दोनों देशों के बीच डिजिटल नवाचार, कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI), रक्षा तकनीक, स्टार्टअप इकोसिस्टम और निवेश सहयोग को लेकर नई पहल की जा सकती है। भारत लगातार वैश्विक नवाचार केंद्र के रूप में अपनी पहचान मजबूत कर रहा है और VivaTech 2026 में उसकी भागीदारी इसी दिशा में एक बड़ा कदम मानी जा रही है।
विशेषज्ञों का मानना है कि प्रधानमंत्री मोदी की मौजूदगी भारत के तेजी से बढ़ते स्टार्टअप इकोसिस्टम को वैश्विक मंच पर और अधिक मजबूती प्रदान करेगी तथा विदेशी निवेशकों के लिए नए अवसरों के द्वार खोलेगी।


